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#Covid 19, England के प्रिंस चार्ल्स हुए कोरोना वायरस से संक्रमित

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ब्रिटेन के प्रिंस चार्ल्स कोरोना वायरस से पॉजिटिव पाए गए हैं। इंग्लैंड में यह वायरस आग की तरह फैलता जा रहा है। मंगलवार को ही इस वायरस से ब्रिटेन में 87 लोगों की मौत हो गई। जबकि अकेले इंग्लैंड में ही इस वायरस से 422 लोगों की मौत हो चुकी है। और अब वहां के शाही परिवार में भी यह वायरस अपने पैर पसार चुका है। पूरी दुनिया में इस वायरस से 20 हाजर लोगों की मौत हो चुकी है। जबकि 4.5 लोग इससे संक्रमित हैं।

बताया जा रहा है कि क्वीन एलिजाबेथ द्वितीय के 71 वर्षीय बेटे प्रिंस चार्ल्स में इस वायरस के पॉजिटिव लक्षण पाए गए हैं। हालांकि उनकी 72 वर्षीय पत्नी कैमिला सुरक्षित हैं। प्रिंस चार्ल्स को आइसोलेशन पर रखा गया है।

इस वायरस की चैन को तोड़ने का एकमात्र उपाय है कि आप अपने घरों से बाहर न निकले और सोशल दिस्तांसिंग बनाए रहें। यह वायरस यह नहीं देखता की आप राजा हैं, महाराजा हैं, या आम नागरिक हैं, या किसी देश की लीडर हैं, या कोई फिल्मी सितारे हैं, सब को यह वायरस अपने चपेट में ले सकता है अगर इससे दूरी नहीं बनाई गई। मालूम हो कि ब्रिटिश प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन ने संक्रमण को रोकने के लिए तीन हफ्ते के लॉकडाउन का एलान किया था। लेकिन ब्रिटेन के लोग उनके फरमान को गंभीरता से नहीं ले रहे हैं। देश में चलने वाली अंडरग्राउंड ट्रेनों में यात्रियों की भीड़ उमड़ रही है जो इस आदेश पर सवाल उठा रही है।

इस महामारी से सुरक्षित बचने के लिए बीते दिनों ब्रिटेन की महारानी एलिजाबेथ द्वितीय को बकिंघम पैलेस से विंडसर कैसल में स्‍थानांतरित कर दिया गया था। हालांकि, तब महारानी एलिजाबेथ द्वितीय या उनके किसी करीबी में कोराना वायरस के लक्षण नहीं देखे गए थे। उस वक्‍त प्रशासन ने एहतीयाती तौर पर यह कदम उठाया था।

भारत में 14 अप्रैल तक के लिए लॉक डॉउन है। अगर आप चाहते हैं कि यह वायरस के आप के घर न आए तो एक ही उपाय है कि घर से बाहर ही m निकले। अगर आप बाहर निकलते हैं और उन लोगों से मिलते हैं जो इस महामारी से संक्रमित हैं और उन्हें पता नहीं है तो आप भी इस वायरस के शिकार हो सकते। फिर आप से यह वायरस आप के पूरे घरवालों में फ़ैल जाएग। और आपको पता भी नहीं चलेगा। आपकी, आपके परिवार की ,और पूरे देश की सुरक्षा इसी में है कि इन 21 दिनों तक अपने आप को घर में रखे।

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लॉकडाउन की वजह से लोगों की जा रही है नौकरियां, बेरोजगारी दर बढ़ी

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कोरोना वायरस के संकट से उबरने के लिए देशभर में 14 अप्रैल तक के लिए लगा हुआ है। इस महामारी की वजह से भारत ही नहीं विभिन्न विकसित और विकासशील देशों की अर्थव्यवस्था पर बड़ी चोट पहुंची है। अर्थव्यवस्था ही नहीं सुस्ती हो रही है बल्कि देश में लगे लॉकडाउन की वजह से लोग बेरोजगार हो रहे हैं।

सेंटर फॉर मॉनिटरिंग इंडियन इकोनामी के सप्ताहिक ट्रैकर सर्वे के अनुसार देश में शहरी बेरोजगार दर 30.09 फ़ीसदी तक हो गई है। जबकि देश की बेरोजगारी दर बढ़कर 23.4 तक पहुंच गई है। मार्च महीने के मध्य के 8.4 से बढ़कर बेरोजगारी दर 23 फ़ीसदी तक पहुंच गई है।

इतने लोगों को नौकरी से धोना पड़ा हाथ

जैसे – जैसे देश की अर्थव्यवस्था सुस्ती होती जा रही है, ठीक उसी प्रकार लोगों को अपनी नौकरियों से हाथ धोना पड़ रहा है। भारत ही नहीं अमेरिका की भी बड़ी कंपनियां अपने कर्मचारियों की छटनी कर रही हैं। भारत में पिछले दो हफ्तों में कहे 50000000 लोग अपनी नौकरी से हांथ धो बैठे हैं। अगर इस महामारी की स्थिति ऐसी ही बनी रही तो बेरोजगारी का आंकड़ा और ऊपर जा सकता है। लॉक डाउन की वजह से जरूरी सेवाओं को छोड़कर सभी औद्योगिक और व्यापारिक गतिविधियां बंद हैं। जिसकी वजह से बड़ी-बड़ी कंपनियां अपने कर्मचारियों की छटनी कर रही हैं।

‌‌ व्यापार संगठन रहा काफी प्रभावित

कोविड-19 नामक महामारी की वजह से व्यापार संगठन काफी प्रभावित हुआ है। व्यापार संगठन को हजारों करोड़ डॉलर का नुकसान उठाना पड़ा है। लगभग हर बड़ी कंपनियों को इस महामारी जी की वजह से अच्छा – खासा नुकसान उठाना पड़ा है। एक तरफ जहां देशों की अर्थव्यवस्था कमजोर होती जा रही है तो दूसरी तरफ कोविड-19 से मौत का आंकड़ा बढ़ता ही चला जा रहा है। विश्व भर में इस वायरस के कारण अब तक 55000 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है जबकि 11 से 12 लाख लोग संक्रमित हो चुके हैं।

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सांसद निधि को 2 साल के लिए किया गया स्थगित, राष्ट्रपति लेंगे बस इतनी तनख्वाह

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देश में फैले महामारी कोविड 19 नमक कोरोना वायरस को मद्देनजर सोमवार की कैबिनेट मीटिंग में अहम फैसले लिए गए। इस कैबिनेट मीटिंग में सांसद निधि को 2 साल के लिए टालने का भी फैसला किया गया है। इसके अलावा राष्ट्रपति, उपराष्ट्रपति, राज्यपाल समेत कई सांसदों ने अपनी वेतन का 30 फीसदी योगदान देने को कहा है। 2 साल के लिए MPLAD फंड के 7900 करोड़ रुपये का उपयोग भारत की संचित निधि में किया जाएगा।

Prakash Javadekar

@PrakashJavdekar

briefing by I&B Minister @PrakashJavdekar
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📍Venue : National Media Centre, New Delhi

Watch LIVE on PIB’s

YouTube: https://youtu.be/kNpRcw5b8Ek 
Facebook: http://facebook.com/pibindia/ 

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कैबिनेट मीटिंग के बाद केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने कहा, कैबिनेट ने भारत में महामारी के प्रतिकूल प्रभाव के प्रबंधन के लिए 2020-21 और 2021-22 के लिए सांसदों को मिलने वाले MPLAD फंड को अस्थायी तौर पर निलंबित कर दिया है।

सोमवार को कैबिनेट की यह बैठक वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए हुई थी जिसमें 1954 के सांसद अधिनियम के तहत सदस्यों, के वेतन, भत्ते, और पेंशन में संशोधन के लिए अध्यादेश की मंजूरी दे दी। 1 अप्रैल 2020 से 1 साल के लिए भत्ते और पेंशन को 30 फीसदी तक कम कर दिया गया है।

तेजी से फ़ैल रही इस महामारी ने पूरे विश्व को अपनी जत में ले लिया है। भारत में कोरोना वायरस के मरीजों की संख्या 4 हजार के पार जा चुकी है । जबकि मरने वालों की संख्या 100 का पार जा चुकी है। इस समय देश को इस महामारी से बचाने के लिए हम सब के योगदान की जरूरत है। हेडलाइन्स ऑफ टूडे आप से यही अपील करता है कि सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करें, घर से बाहर न निकले, इमरजेंसी में ही घर से बाहर निकले। अभी देश में 14 अप्रैल तक के लिए लॉकडॉउन लगा हुआ है। जिसमे से मात्र अब 8 दिन बचे हैं। इसके बाद सरकार क्या फ़ैसला लेगी, ए तो अब 14 अप्रैल के बाद हि मालुम चल पाएगा।

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सरकार ने राहत पैकेज का किया एलान, गरीबों को होगा फायदा

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देश महामारी कोरोना वायरस से लड़ रहा है। संक्रमण के मामलों में लगातार बढ़ोतरी हो रही है। और इस महामारी के चलते भारतीय अर्थव्यवस्था पटरी पर उतर गई है। सुस्त पड़ी अर्थव्यवस्था को राहत देने के लिए वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने गुरुवार को 1.70 लाख करोड़ के स्पेशल पैकेज का ऐलान किया, ताकि अर्थव्यवस्था को पटरी पर लाया जा सके।

इस महामारी से 20 हजार लोगों की मौत हो चुकी है। जबकि 4.5 लाख से अधिक लोग इससे संक्रमित हैं। इटली, ईरान, स्पेन, अमेरिका में तो हाहाकार मचा हुआ है। एक दिन 700 से 800 लोगों की मौत हो रही है। इटली में तो हालात बेकाबू नज़र आ रहे हैं। भारत में भी संक्रमण के मामले लगातार बढ़ रहे हैं। 11 लोगों की मौत हो चुकी है, 600 से अधिक लोग संक्रमित हो चुके हैं।

इस महामारी से भारत ही नहीं समूचे विश्व की अर्थव्यवस्था पर लगाम लगी हुई है। उद्योग जगत को अरबों, खरबों हजार डॉलर का नुकसान हो गया है। ए नुकसान अभी हो भी रहा है। भारत सरकार ने 1.70 लाख करोड़ के स्पेशल पैकेज का ऐलान किया है । इस राहत पैकेज से गरीबों के खाने का इंतजाम किया जाएगा।

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा जारी इस राहत पैकेज से देश की अर्थव्यवस्था में थोड़ा सुधार तो होगा ही। सरकार ने जो बड़ा ऐलान किया है, उसमें 3 महीनों तक इम्प्लॉई और इम्प्लॉयर दोनों के हिस्से का योगदान सरकार करेगी। यह वहां लागू होगा जहां 100 से कम कर्मचारी हैं और 90 फीसदी 15 हजार से कम वेतन पाते हैं।

आपको बता दें कि वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने ए भी ऐलान किया है कि जो लोग चाहे वो डॉक्टर हो, नर्स हों, पुलिस के जवान हों कोरोना की लड़ाई में साथ दे रहे हैं सभी के लिए यह सरकार 50 लाख का इंश्योरेंस कवर देगी। इससे 20 लाख मेडिकल कर्मचारियों को इसका लाभ मिलेगा। इसके अलावा, प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना को मुख्य रूप से दो हिस्सों में बांटा गया है। पहला-प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना के तहत 80 करोड़ गरीब लोगों को कवर किया जाएगा। इस योजना के तहत अगले तीन महीने तक पांच किलो चावल/गेहूं मुफ्त में दिया जाएगा। इसके अलावा एक किलो दाल हर परिवार को मुफ्त में मिलेगा।

ए वक्त घर में रहकर अपनी जान बचाने का है। अगर जान प्यारी है तो सरकार के दिशा निर्देशों का पालन करें। मामले लगातार बढ़ रहे हैं। ऐसे में आप अपने आप को खुद ही बचा सकते हैं। Social Distancing बनाए और अपने आप को समय समय पर सैनिटाइज करते रहें।

राहत पैकेज से इनको होगा फ़ायदा

 

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