Connect with us

मनोरंजन

Panchayat Interview: जीतू के साथ कई सालों से काम कर रहा हूं इसीलिए हमलोग एक दूसरे को अच्छे से समझते हैं- चंदन कुमार

Published

on

हाल ही में अमेज़न प्राइम पर रिलीज हुई वेब सीरीज पंचायत को दर्शकों ने काफी पसंद किया. इस वेब सीरीज के लेखक चंदन कुमार से खास बातचीत का पूरा हिस्सा  पढ़ें.

 

आपको पंचायत लिखने का विचार कब आया?

साल 2017 के अंत में मैंने पंचायत की दुनिया को जानना समझना शुरू किया.  मुझे पंचायत में सचिव की नौकरी काफी रोचक लगी. यही से धीरे धीरे मैंने किरदार गढ़ने शुरू कर दिए। ठोस रूप से मैंने साल 2018 के मध्य में लिखना शुरू किया. इसके बाद तकरीबन 10-12 महीने में पंचायत लिखी गई और  लगभग दो महीने में शूटिंग पूरी कर ली गई.

सीरीज में दो बच्चे मीठी खीर उससे ज्यादा बवासीर जैसे स्लोगन लोगों को काफी पसंद आ रहे हैं.

इसके पीछे एक मजेदार किस्सा है. जब हम लोग रेकी के दौरान लोकेशन का देखने गांव पहुंचे. तो गांव में कई जगहों जनसंख्या नियंत्रण के जुड़े स्लोगन लिखे हुए मिले. हमें लगा कि इसका उपयोग सीरीज में करना चाहिए.फिर हमने थोड़ा रिसर्च किया और पता लगाया कि ऐसा कभी हुआ होगा. थोड़ी गूगल की मदद ली और हमें ऐसे आपत्तिजनक स्लोगन की घटनाओं के बारे में पता चला.

सीरीज में नीना गुप्ता, रघुवीर यादव और जितेंद्र कुमार यानी जीतू भैया जैसे वाले कलाकारों के साथ काम करने का अनुभव कैसा रहा?

जीतू के साथ के साथ 2015 से मैं काम कर रहा हूं.पहले भी उनके साथ हमने बहुत सारे छोटे-छोटे स्केचेज बनाए हैं. इसीलिए मैं और जीतू एक दूसरे को अच्छे से समझते हैं. रघुवीर सर और नीना मैम  इंडस्ट्री में काफी सीनियर एक्टर है. मैं और इस सीरीज के डायरेक्टर दीपक कुमार मिश्रा सेट पर चाहते थे कि इनको अच्छे से ट्रीट करना है.वो अपने काम को इतने अच्छे से जानते हैं कि उन्हें अधिक समझाने की जरूरत नहीं पड़ती .

शूटिंग के दौरान की तस्वीर.

शूटिंग के दौरान कोई मजेदार किस्सा ?

सीरीज की शूटिंग मध्यप्रदेश के सीहोर जिले मे की है. लेकिन कहानी में उत्तर प्रदेश के बलिया जिले को दिखाया गया.ऐसे में एक मजेदार किस्सा बताते हुए चंदन कहते हैं कि शूटिंग के दौरान गांव का एक लड़का इस बात पर कंफ्यूज हो गया कि आखिर उनका गांव मध्यप्रदेश से उत्तरप्रदेश कैसे पहुंच गया.

इसे लिखने के बाद कास्टिंग शुरू हुई या पहले ?

कास्टिंग समानांतर तरीके से चल रही थी. जैसे-जैसे कैरेक्टर्स बन रहे थे. जो मुख्य पांच कैरेक्टर है उनकी कास्टिंग लिखने के साथ साथ ही शुरू कर दी गई. जीतू की कास्टिंग हमने पहले से तय कर लिया था. यह बात उन्हें भी मालूम थी.

टीवीएफ से आप कैसे जुड़े ?

मैं साल 2015 में टीवीएफ से जुड़ा. उससे पहले में करीब 2 साल तक एक न्यूज वेबसाइट के लिए लिखा करता था. और तब से आज तक टीवीएफ से जुड़ा हुआ हूं.

ऐसे गांवों -कस्बों पर आधारित रियल स्टोरी टेलिंग कम देखने को मिलती है, इसे कैसे देखते हैं आप ?

मैं इसे लोगों की निजी पसंद मानता हूं. उन्हें जिस तरह का का कंटेंट पसंद आता है वह उसे कंज्यूम करते हैं. जहां गांव की बात आती है तो मैं मूल रूप से बिहार( पटना) से आता हूं और इसके डायरेक्टर भी उत्तर प्रदेश से हैं. हमने भले ही गांव में पूरा जीवन नहीं गुजारा हो. लेकिन हमें बचपन से वहां से जुड़े किस्से कहानियां पता हैं.

तो अभी आप बिहार जा पाते हैं ?

थोड़ा कम हो गया है. लेकिन घर अभी भी वही है. फैमली के कुछ लोग पटना में हैं कुछ लोग दिल्ली और बेंगलुरु जैसे शहरों में शिफ्ट हो गए हैं.

इस पूरे  सिरीज में से अगर आपको कोई एक पसंदीदा कैरेक्टर चुनने को कहा जाए तो वह कौन होगा ?

हंसते हुए.. यह मेरे लिए थोड़ा मुश्किल सवाल है. मेरे हिसाब से सब ने अच्छा परफॉर्म किया है. हमारे लिए सबसे ज्यादा सरप्राइज था विकास का रोल निभा रहे चंदन राय की एक्टिंग. उसके लिए यह पहला ऐसा बड़ा प्रोजेक्ट था. लेकिन शूटिंग के दौरान उससे सब लोग उससे प्रभावित हुए.

कोई ऐसा कॉम्प्लीमेंट जो आपके लिए यादगार हो ?

एक कॉमन मैसेज है जिसके बारे में काफी सोशल मीडिया पर बात कर रहे हैं. 20-25 साल के लड़के बोल रहे हैं कि वो इस सीरीज को पूरी फैमिली के साथ बैठकर इंजॉय कर रहे हैं. तो एक ही तरह की कंटेंट हर उम्र के लोगों को पसंद आना बतौर लेखक मेरे लिए खास है.

उन युवाओं के लिए क्या संदेश है जो एक लेखक के तौर अपना करियर बनाने की सोच रहे हैं?

मेरे  हिसाब से आप कुछ न कुछ हमेशा लिखते रहें. नेटफ्लिक्स,अमेज़न प्राइम जैसे ऑनलाइन स्ट्रीमिंग साइट्स पर अच्छे कंटेंट की भरमार है.इसके अलावा तमिल, मलयालम और तेलुगु जैसी अन्य भाषाओं में बहुत अच्छी फिल्में बन रही हैं. इन्हें देखे और इसका विश्लेषण करें.  इनसे आप जो भी सीखे उसे अपनी लेखनी में प्रैक्टिस  करने का प्रयास करें.

पंचायत का सीजन वन एक दिलचस्प मोड़ पर खत्म हुआ है ऐसे में इसके सीजन 2 की आने की संभावना है या नहीं ?

अभी हम लोग इस पर काम करने की योजना बना रहे हैं. हमें उम्मीद है सीजन -दो भी आएगी.हमारी कोशिश यही रहेगी कि हम इसे जल्द से जल्द बना सकें.

 

पत्रकारिता का छात्र हूं. खबरों से मोलभाव करना आदत नहीं. ख़ुद कम बोलता हूं, दूसरों की अधिक सुनता हूं.कविताएं लिखना और पढ़ना दोनों ही देर रात तक जगाती है. साल 2020 में पहली पुस्तक " काविश" प्रकाशित की गयी .

Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

मनोरंजन

भूमि पेडनेकर ने सुशांत को श्रद्धांजलि देने के लिए खिलाएंगी गरीबों को खाना

Published

on

सुशांत सिंह राजपूत की मौत ने पूरे देश को काफी झकझोर कर रख दिया है। सुशांत सिंह राजपूत की मौत को दो हफ्ते हो चुके हैं। लेकिन यह दुख इतना गहरा है कि लोग इससे उबर नहीं पा रहे हैं। मुंबई मिरर की एक रिपोर्ट के अनुसार अभिनेत्री भूमि पेडनेकर, जिन्हें ‘सोनचिरैया’ में सुशांत सिंह राजपूत के साथ देखा गया था, ने सुशांत को श्रद्धांजलि के रूप में गरीब परिवारों को भोजन प्रदान करने का संकल्प लिया। अपने सोशल मीडिया पे ये जानकारी शेयर करते हुए उन्होंने बताया की वो ‘एक साथ – द अर्थ फाउंडेशन’ की मदद से ये करने वाली हैं ।

 

भुमी ने इंस्टाग्राम पर लिखा , “सुशांत सिंह राजपूत की याद में, मैं ‘एक साथ फाउंडेशन’ की मदद से 550 गरीब परिवारों को खाना खिलाने की प्रतिज्ञा करती हूं। आइए सभी के प्रति दया और प्रेम दिखाएं।” भूमि ने पहले उनकी मृत्यु पर शोक व्यक्त किया और सोनचिरैया के सेट से उनके साथ एक थ्रोबैक फोटो शेयर करते हुए लिखा, “रेस्ट इन पीस, मेरे दोस्त शॉकेड एंड हार्टब्रोकन।  अभी भी विश्वास नहीं हो रहा सितारों को साथ देखने से लेकर हमारी एंडलेसचैट्स तक मैं तुम्हे वहां सबके साथ चमकते हुए देखूंगी क्यूंकि तुम सच में एक सितारे हो और हमेशा रहोगे, मेरे प्यार एसएसआर  “उन्होंने ‘काई पो चे’ अभिनेता के लिए एक सुंदर और लंबी पोस्ट भी शेयर की थी।‌ उन्होंने इंस्टाग्राम पर पोस्टर शेयर करके अभिनेता की अंतिम फिल्म ‘दिल बेचारा’ का प्रमोशन किया। यह फिल्म 24 जुलाई से डिज्नीप्लसहॉटस्टार पर स्ट्रीम करने के लिए तैयार है।

v

Continue Reading

मनोरंजन

सुशांत को सलामन की तरफ से मिल रही थी लगातार धमकियां, इसलिए सुशांत ने 1 महीने में 50 बार बदला सिम कार्ड: लोकगायक सुनील छैला

Published

on

अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत की मौत के मामले में रोज नए – नए खुलासे हो रहे हैं। अभिनेता की मौत को नेपोटिज्म और बॉलीवुड में कुछ विशेष एकाधिकार को शामिल करके देखा जा रहा है। इस बीच, बिहार के लोक गायक सुनील छैला बिहारी ने सुशांत सिंह राजपूत मरने के मामले में अभिनेता सलमान खान के ख़िलाफ़ में गंभीर आरोप लगाए हैं।

सुनील छैला बिहारी ने यूट्यूब पर एक वीडियो संदेश जारी कर आरोप लगाया है कि सुशांत सिंह राजपूत को पिछले एक महीने से धमकी मिल रही थी। उन्होंने उल्लेख किया कि सुशांत सिंह राजपूत पिछले कुछ महीनों से बहुत परेशान थे। सुशांत ने एक महीने में लगभग 50 सिम कार्ड बदले।

सुनील छैला बिहारी ने आरोप लगाया कि सिम कार्ड बदलने के बाद भी धमकियां खत्म नहीं हुईं। लोकनायक ने आरोप लगाया है कि सुशांत का दोस्त संदीप सिंह धमकी देने वाले गिरोह यानि सलमान खान और गैंग को नए सिम कार्ड की सूचना देता था। सलमान खान अपने गुंडों से सुशांत को लगातार धमकियां भिजवाता था। इससे बचने के लिए, सुशांत सिंह राजपूत ने आत्महत्या कर ली। माना जा रहा है कि मामले को सीबीआई जांच की जरूरत है।

सुशांत सिंह राजपूत मामले में जांच पूरी तरह से चल रही है और मुंबई पुलिस पहले ही अभिनेता के कर्मचारियों, दोस्तों और करीबी सहयोगियों के बयान दर्ज कर चुकी है। मुंबई पुलिस सुशांत सिंह के करीबी दोस्त रिया चक्रवर्ती के भाई और सुशांत की कंपनी के डायरेक्टर शोविक चक्रवर्ती से भी पूछताछ कर रही है। शोविक चक्रवर्ती और रिया चक्रवर्ती दोनों को सुशांत की तीन स्टार्टअप कंपनियों में निदेशक और अतिरिक्त निदेशक के रूप में नामित किया गया था। राजपूत ने कथित तौर पर मुंबई में अपने बांद्रा स्थित आवास पर अपनी जान ले ली। आरोप है कि अभिनेता का पिछले छह महीने से डिप्रेशन का इलाज चल रहा था।

Continue Reading

मनोरंजन

हजारों फैन्स वाली टिक टॉक स्टार शिवानी की हुई हत्या

Published

on

हरियाणा के सोनीपत के कुंडली इलाके में Tik Tok Star शिवानी की गला दबाकर हत्या कर दी गई है। शिवानी कुंडली में टच एंड केयर नाम से ब्यूटी पार्लर चलाती थी। उसका शव ब्यूटी पार्लर की अलमारी में मिला है। मर्डर का शक पास रहने वाले आरिफ नामक युवक पर जताया जा रहा है। घटना के बाद से ही वो गायब है। शिवानी के टिक टॉक पर 1 लाख 75 हजार से ज्यादा फॉलोअर्स थे। टिक-टाॅक स्टार की कथित तौर पर हत्या कर दी, लेकिन अपने फोन से संदेश और वीडियो पोस्ट करके उसे जीवित रखा। बताया जा रहा है कि शिवानी और आरिफ एक-दूसरे को अच्छे से जानते थे।

शिवानी की बहन श्वेता के अनुसार, आरिफ 26 जून को शिवानी से मिलने आया था और उसकी बहन ने अपनी अंतिम बातचीत में उसे यह बताया था। “वह उस रात घर नहीं लौटी और मैंने उसे यह कहते हुए कॉल और मैसेज दिए कि हमारी माँ बीमार है। मुझे उसके फोन से एक संदेश मिला, जिसमें कहा गया था कि वह ठीक है और हरिद्वार में है और मंगलवार तक वापस आ जाएगी, ”श्वेता ने पुलिस को बताया।

रविवार शाम एक दोस्त, नीरज, एक ब्यूटी पार्लर में गया, जब एक पड़ोसी ने पार्लर के अंदर से आने वाली बदबू के बारे में बताया । शिवानी के पिता के मुताबिक, आरिफ पिछले तीन सालों से उसे परेशान रहा था। उनका परिवार दुसरे घर में शिफ्ट हो गया था, लेकिन उसने उसे ढूंढ लिया और उसका पीछा करने लगा। उन्होंने कहा, ‘ फिर हमने पुलिस में रिपोर्ट दर्ज कराई और उसने उस वक्त माफी भी मांगी थी। लेकिन उसने मेरी बेटी को कभी नहीं छोड़ा और आखिर बदला लिया, ”उनके पिता विनोद खुबियान ने कहा।

आरिफ अभी भी फरार है। सीनियर इन्वेस्टिगेटर ने बताया कि शरीर की खोज से सात घंटे पहले मृत व्यक्ति के खाते से एक वीडियो TikTok पर पोस्ट किया गया था। “हम मौत के समय का पता लगाने के लिए पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट का इंतजार कर रहे हैं आरोपी, जो अभी भी फरार है, लड़की के परिवार और पूरी दुनिया को विश्वास दिलाने के लिए उसका मोबाइल का उपयोग कर रहा था । हमारे पास उसके ठिकाने के बारे में कुछ प्रमुख सुराग हाथ लगे हैं”।

Continue Reading

Most Popular